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बिस्कोमान के तर्ज पर विपणन सहकारी संघ एवं फेडरेशन (परिसंघ) के गठन की तैयारी
बिस्कोमान के तर्ज पर विपणन सहकारी संघ एवं फेडरेशन (परिसंघ) के गठन की तैयारी
by
Arun Pandey,
February 26, 2026
in
बिहार
*
पटना,26 फरवरी।
बिहार विधान सभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने आज अपने कार्यालय कक्ष में मिथिलेश तिवारी एवं अन्य सदस्यों से प्राप्त सहकारिता विभाग से संबंधित ध्यानाकर्षण सूचना पर एक उच्च स्तरीय बैठक की।
इस बैठक में सहकारिता विभाग, बिहार सरकार के अंतर्गत स्थापित विभिन्न प्रकार के फेडरेशन एवं समितियों यथा Vegetable federation, Marketing federation, मधुमक्खी पालन सहकारी समिति, बुनकर सहकारी समिति आदि के संबंध में चर्चा की गई । इन फेडरेशन एवं समिति में से अधिकांश की प्रगति काफी धीमी है तथा अपने लक्ष्यों को प्राप्त करने में काफी पीछे है।
सहकारिता विभाग के सचिव द्वारा जानकारी दी गई कि
बिस्कोमान के तर्ज पर विपणन सहकारी संघ एवं फेडरेशन (परिसंघ) का गठन विभाग द्वारा किया जा रहा है। कोशी प्रमण्डल को छोड़कर शेष आठ (08) प्रमण्डलों यथा-पटना, मगध, तिरहुत, सारण, दरभंगा, पूर्णियाँ, भागलपुर एवं मुंगेर में विपणन सहकारी संघ का गठन किया जा चुका है। राज्य स्तर पर बिहार राज्य विपणन सहकारी फेडरेशन एवं कोशी प्रमण्डल में विपणन संघ के गठन की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। पैक्स अब केवल अनाज खरीद तक सीमित नहीं है, बल्कि इन्हें जनऔषधि केन्द्र, खाद वितरण केन्द्र, सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकान, बीज वितरण, किसान समृद्धि केन्द्र, कॉमन संर्विस सेंटर इत्यादि के रूप में भी विकसित किया जा रहा है, जहाँ से किसानों को खाद-बीज के साथ-साथ अन्य ई-गवर्नेस सेवाओं का भी लाभ प्रदान किया जा रहा है। वेजफेड योजना के तहत सभी प्रखण्डों में प्राथमिक सब्जी उत्पादक सहकारी समिति एवं आठ सब्जी संघों का गठन हो चुका है। पूर्णियाँ प्रमण्डल के सब्जी संघ के गठन का मामला न्यायालय में विचाराधीन है। 114 प्राथमिक सब्जी उत्पादक सहकारी समितियों (PVCS) में आधारभूत संरचना का निर्माण, 200 PVCS में तरकारी आउटलेट का निर्माण, 68 PVCS में प्याज भंडारण गोदाम, संघ स्तर पर 4 कोल्ड स्टोरेज के निर्माण कार्य की स्वीकृति प्रदान की गई है, जिसके आलोक में निर्माण कार्य प्रगति पर है। वेजफेड अपनी स्थापना के उद्देश्यों के प्रति पूर्णतः समर्पित है। राज्य में 4 माह में प्रखंड स्तरीय मधुमक्खीपालक सहकारी समितियों की संख्या 144 से बढ़कर 224 हो गई है। मधुमक्खीपालक सहकारी समितियों के राज्य स्तरीय फेडरेशन का गठन हो चुका है।मधुमक्खी पालक समितियों के सदस्यों का आवासीय प्रशिक्षण सहकारिता प्रशिक्षण केन्द्र, पूसा में कराया जा रहा है। राज्य में 168 निबंधित प्राथमिक बुनकर समितियाँ कार्यरत हैं, जिसके सहयोग हेतु क्षेत्रीय स्तर पर 4 बुनकर संघ है। राज्य स्तर पर बिहार राज्य हस्तकरघा बुनकर सहकारी संघ लि० एवं दि बिहार स्टेट शीप एण्ड ऊल विभर्स कोऑपरेटिव यूनियन लिमिटेड कार्य कर रही है।
सारण, दरभंगा, सहरसा एवं मधेपुरा जिलों सहित सभी जिलों में 23 जिला केन्द्रीय सहकारी बैंक लि० के 290 शाखाओं के माध्यम से किसानों को सुविधाएँ दी जा रही है। सभी जिले सहकारी बैंक के शाखाओं से आच्छादित हैं।
सारण एवं दरभंगा जिले में अलग-अलग सहकारी बैंक
सारण एवं दरभंगा जिले में अलग-अलग सहकारी बैंक समिति का निबंधन हो चुका है। इन बैंकों के लाइसेंस के लिए नाबार्ड में प्रस्ताव भेजा जा चुका है। मधेपुरा एवं सहरसा जिले में सहकारी बैंक के निबंधन की प्रक्रिया चल रही है। बिहार सरकार के सात निश्चय – 3 के तहत रैयाम एवं सकरी चीनी मिल के निर्माण एवं संचालन के लिए कार्य प्रगति पर है। सचिव द्वारा बताया गया कि वर्ष 2028 तक इन दो चीनी मिलों को चालू कर दिया जायेगा।
राज्य में पैक्सों एवं व्यापार मंडलों में 7286 गोदामों का निर्माण कार्य पूर्ण कराया जा चुका है जिससे 17.472 लाख मे०टन भंडारण क्षमता सृजित हुई। इसके अतिरिक्त वित्तीय वर्ष 2025-26 में विभिन्न क्षमता के 278 गोदाम निर्माणाधीन है। इससे 2.49 लाख मे०टन अतिरिक्त भंडारण क्षमता का सृजन होगा।
विधानसभाध्यक्ष द्वारा निर्देश दिया गया कि विभिन्न प्रकार के फेडरेशन एवं समितियों यथा Vegetable federation, Marketing federation, मधुमक्खी पालन सहकारी समिति, बुनकर सहकारी समिति को पूर्णरूपेण सक्रिय किया जाए। साथ ही, समितियों को आत्मनिर्भर एवं जागरूक बनाने के लिए विभागीय स्तर पर अभियान चलाया जाए। उन्होंने सचिव, सहकारिता विभाग को मार्केटिंग फेडरेशन से संबंधी राज्य स्तरीय बाई लॉज ( Bye–Laws ) बनाने की प्रक्रिया शीघ्र पूरा करने का निदेश दिया। साथ ही, उन्होंने पैक्स के सुदृढ़ीकरण एवं सभी प्रकार की सहकारी समितियों को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए कृषि, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण तथा सहकारिता विभाग की समेकित बैठक आयोजित कराने का निदेश प्रभारी सचिव, बिहार विधान सभा को दिया।
इस बैठक में सदस्य मिथिलेश तिवारी, भरत बिन्द, विनय कुमार चौधरी, आलोक कुमार सिंह, रामसेवक सिंह, माधव आनंद तथा सहकारिता विभाग के सचिव धर्मेंद्र सिंह एवं श्रीमती ख्याति सिंह, प्रभारी सचिव सहित बिहार विधान सभा के वरीय पदाधिकारीगण उपस्थित रहे।
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